Sunday, May 22, 2022

शिवलिंग

 हर मस्जिद के नीचे 

दबे हैं शिवलिंग 

और इन शिवलिंगों के नीचे

दबी हैं सैंकड़ों असफलताएं,

करोड़ों लोगों के अरमान, 

टूटता रुपया, चढ़ते दाम,

नवयुवकों की नौकरियां,

सड़कों को ढूंढती पगडंडियाँ,

धनकुबेरों की भरी तिजोरियां,

लोक संपत्ती की उड़ान विदेश

और शांति को तरसता देश।

- अकुभा